NDTV के तीन प्रमोटर्स पर पेनाल्टी: प्रणव रॉय, राधिका रॉय और RRPR होल्डिंग पर सेबी ने 27 करोड़ रुपए की पेनाल्टी लगाई

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मुंबई13 मिनट पहले

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सेबी ने गुरुवार को जारी एक सर्कुलर में कहा कि प्रमोटर्स इस पैसे को सेबी के पास 45 दिनों के अंदर जमा कराएं

  • इसमें से 25 करोड़ रुपए के अलावा 2 करोड़ रुपए अलग से पेनाल्टी लगाई गई है
  • सेबी के मुताबिक, माइनॉरिटी शेयर धारकों के साथ एनडीटीवी प्रमोटर्स ने धोखाधडी की

पूंजी बाजार रेगुलेटर सेबी ने न्यू दिल्ली टेलीविजन (NDTV) के तीन प्रमोटर्स पर 27 करोड़ रुपए की पेनाल्टी लगाई है। यह पेनाल्टी इसके प्रमोटर्स प्रणव रॉय, राधिका रॉय और आरआरपीआर होल्डिंग पर लगाई गई है। इसमें से 25 करोड़ रुपए के अलावा 2 करोड़ रुपए अलग से पेनाल्टी लगाई गई है।

सेबी ने गुरुवार को जारी एक सर्कुलर में यह जानकारी दी है। इस पैसे को सेबी ने 45 दिनों के अंदर जमा कराने का आदेश दिया है।

सेबी को मिली थी शिकायत

सेबी ने कहा कि उसे 26 अगस्त 2017 में क्वांटम सिक्योरिटीज से शिकायत मिली थी। यह शिकायत एक लोन के संबंध में थी जिसमें प्रणव रॉय, राधिका रॉय और आरआरपीआर होल्डिंग को पार्टी बनाया गया था। इसमें आईसीआईसीआई बैंक और एक अन्य कंपनी भी पार्टी थी। सेबी ने कहा कि आरआरपीआर होल्डिंग और आईसीआईसीआई बैंक के बीच 14 अक्टूबर 2008 को लोन एग्रीमेंट हुआ था। जबकि 21 जुलाई 2009 को एनडीटीवी के प्रमोटर्स और वीसीपीएल के बीच 350 करोड़ रुपए के लोन का एग्रीमेंट हुआ।

लोन से संबंधित जानकारी छुपाई गई

इसी तरह से 25 जनवरी 2010 को एनडीटीवी प्रमोटर्स और वीसीपीएल के बीच 53.85 करोड़ रुपए के लोन का एग्रीमेंट फिर हुआ। सेबी ने पाया कि आईसीआईसीआई लोन एग्रीमेंट में कई सारी शर्तें थीं। जिसमें कुछ मामलों में बैंक की मंजूरी जरूरी थी। इसमें एक कॉर्पोरेट रिस्ट्रक्चरिंग का भी मामला था। साथ ही इस लोन एग्रीमेंट का खुलासा करना था जो एनडीटीवी ने नहीं किया।

शेयरों का ट्रांसफर

इसके बाद प्रणव रॉय और राधिका रॉय ने आरआरपीआर होल्डिंग से शेयरों को ट्रांसफर या प्राप्त किया। यह शेयर इन लोगों को बाजार बंद होने के बाद मिला या ट्रांसफर किया गया। इसमें यह पाया गया कि पब्लिक शेयर होल्डर्स जो हैं उनको सही सूचना नहीं दी गई। इसमें यह पाया गया कि इस तरह के कारोबार में कंपनी, प्रमोटर्स ने माइनॉरिटी शेयर धारकों के साथ धोखाधड़ी की।



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