विवाद: गाजियाबाद से टीबी का इलाज कराने आई महिला की मौत

0
1


Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

चंडीगढ़16 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

गाजियाबाद से टीबी का इलाज कराने आई जीएमएसएच-16 में आयी 24 साल की नेहा की जीएमएसएच-16 में अचानक मौत होने पर जीएमएसएच-16 के डॉक्टरों ने एमएलसी केस बना दिया। नेहा के पति अशोक सिंह ने बताया कि उनकी पत्नी को टीबी थी। उसका गाजियाबाद के हॉस्पिटल में इलाज चल रहा था।

उनका यहां पर ससुराल है। ससुराल वालों ने कहा कि नेहा को चंडीगढ़ ले आओ यहां पर इलाज कराएंगे। इस पर वे शनिवार को जीएमएसएच-16 में नेहा को दिखाने गए थे। डॉक्टरों ने रिपोर्ट देखी तो टीबी बताई। और कहा कि नेहा का पहले कोरोना टेस्ट करवाओ। वे कोरोना टेस्ट करवाने के लिए कार्ड बनवाने के लिए लाइन में लगे और कुछ ही देर में दोपहर दो बजे नेहा अचानक गिर पड़ी और उसकी मौत हो गई।

अशोक का आरोप है कि हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने एमएलसी केस बनाकर बॉडी देने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि गाजियाबाद पुलिस आएगी तभी बॉडी देंगे। उन्होंने जीएमएसएच-16 में पुलिस ने गाजियाबाद पुलिस को मैसेज भेज दिया था। अशोक सिंह ने बताया कि वह रविवार को बॉडी लेने गया तो कहा गया कि आपके घर वाले गाजियाबाद पुलिस से लिखवाकर भेज दें। या फिर पुलिस यहां की पुलिस से बात करवा दो। यह सब कराने के बावजूद उन्हें बॉडी नहीं दी गई।

मामला मेरी जानकारी में नहीं है। अगर ऐसा किसी मरीज के साथ हुआ तो संभवत: कोई गलतफहमी हुई होगी। आज ही मरीज का कोरोना टेस्ट कराने के बाद जैसे ही रिपोर्ट आएगी। बॉडी संबंधित को सौंप दी जाएगी।
डॉ. विरेंदर नागपाल, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट, जीएमएसएच-16



Source link

Advertisement

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here